By Malay Ojha | Published: 03 October 2026 | 07:38 PM
काशी हिन्दू विश्वविद्यालय में विद्यार्थियों के मानसिक स्वास्थ्य और भावनात्मक कल्याण को लेकर ‘उड़ान-2026’ का आयोजन किया गया। मधुबन उद्यान में लगे इस मानसिक स्वास्थ्य मेले में छात्रों ने 30 स्टॉल के जरिए परामर्श, भावनाओं, कला, भोजन और रचनात्मक गतिविधियों से जुड़े अलग-अलग पहलुओं को सामने रखा।
मेले में बीएचयू के अलग-अलग संकायों और विषयों के विद्यार्थियों ने हिस्सा लिया। छह थीम के तहत स्टॉल तैयार किए गए थे। इनमें परामर्श, मनोरंजन के साथ गतिविधियां, भावनाएं, भोजन, कला और रचनात्मक अभिव्यक्ति शामिल रहे। इन गतिविधियों के जरिए मानसिक स्वास्थ्य जैसे विषय को छात्रों के लिए सहज और संवादात्मक तरीके से समझाने की कोशिश की गई।
कुलपति ने छात्रों से किया संवाद
कुलपति प्रो. अजित कुमार चतुर्वेदी ने ‘उड़ान-2026’ का निरीक्षण किया। उन्होंने अलग-अलग स्टॉल पर जाकर विद्यार्थियों से बातचीत की और उनके बनाए मॉडल, गतिविधियों तथा प्रस्तुतियों के पीछे की सोच के बारे में जानकारी ली। इस दौरान उन्होंने छात्रों के प्रयासों और उनके अलग-अलग नजरिए को समझा।
परामर्श प्रक्रिया को भी समझाया गया
मेले में परामर्श से जुड़ी एक प्रशिक्षण व्यवस्था भी बनाई गई थी। इसका उद्देश्य विद्यार्थियों को यह समझाना था कि परामर्श की प्रक्रिया किस तरह काम करती है। इसके साथ ही रचनात्मक अभिव्यक्ति, संगीत, कला और दूसरी गतिविधियों को भी मानसिक स्वास्थ्य से जोड़कर प्रस्तुत किया गया।
छह कैटेगरी में चुने गए विजेता स्टॉल
‘बेस्ट स्टॉल’ के चयन के लिए तीन सदस्यीय समिति बनाई गई। इसमें शिक्षा संकाय के छात्र सलाहकार डॉ. सोमू सिंह, वाणिज्य संकाय की छात्र सलाहकार डॉ. वंदना श्रीवास्तव और दृश्य कला संकाय के सहायक प्रोफेसर डॉ. ललित मोहन सोनी शामिल रहे। स्टॉल का मूल्यांकन रचनात्मकता, विषय की प्रासंगिकता, प्रस्तुति, सहभागिता और मेले की थीम में योगदान के आधार पर किया गया। छह कैटेगरी में से प्रत्येक में एक विजेता स्टॉल चुना गया।
डब्ल्यूबीएससी ने किया आयोजन
‘उड़ान-2026’ का आयोजन विश्वविद्यालय के वेलबीइंग सर्विसेज सेल (WBSC) ने किया। कार्यक्रम के समन्वय में प्रो. त्र्यम्बक तिवारी, प्रो. निशात अफरोज और डॉ. श्वेता सिंह की भूमिका रही। छात्र अधिष्ठाता प्रो. रंजन कुमार सिंह भी कार्यक्रम में मौजूद रहे। मेले की तैयारियों और संचालन में डब्ल्यूबीएससी टीम, वेलबीइंग एंबेसडर्स और विश्वविद्यालय की विभिन्न इकाइयों ने सहयोग किया। आयुर्वेद संकाय के कायचिकित्सा विभाग ने भी इसमें भागीदारी की।
मानसिक स्वास्थ्य पर खुली बातचीत का मंच
‘उड़ान-2026’ को विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस-2026 की थीम “Lived Experiences Heard: Real Voices, Real Change” की भावना के अनुरूप आयोजित किया गया। मेले में छात्रों को अपने अनुभवों और विचारों को रचनात्मक तरीके से सामने रखने का मौका मिला। संवाद, कला और विभिन्न गतिविधियों के जरिए मानसिक स्वास्थ्य और कल्याण से जुड़े विषयों पर बातचीत को सहज बनाने की कोशिश की गई।



